घर में घुसकर लड़की को दिखाया प्राइवेट पार्ट : गैस-चूल्हा बेचने के बहाने घुसा फेरी वाला; एक को लोगों ने पकड़ा, दूसरा भाग निकला
admin
Tue, Jul 1, 2025
कोंडागांव.
कोंडागांव जिले में एक युवती के साथ गैस चूल्हा बेचने के बहाने घर में घुसकर दुष्कर्म का प्रयास किया गया। इस दौरान आरोपी ने अपने कपड़े उतार दिए और लड़की को प्राइवेट पार्ट दिखाया। घटना 30 जून दोपहर करीब 12 बजे की है, जब पीड़िता बुखार के कारण घर में अकेली थी और परिवार के अन्य सदस्य खेतों में काम कर रहे थे।
पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि दो युवक फेरी वाले बनकर उसके घर आए और गैस चूल्हा बेचने की बात कहने लगे। युवती द्वारा मना करने के बावजूद वे घर के अंदर घुस आए। तभी एक युवक ने अपने कपड़े उतार दिए और जबरदस्ती करने की कोशिश की। युवती ने साहस दिखाते हुए जोर-जोर से चिल्लाना शुरू किया और आरोपी को धक्का दे दिया।
शोर सुनकर पास-पड़ोस के लोग दौड़कर आए और बाहर खड़े दूसरे युवक को पकड़ लिया, जबकि अंदर वाला आरोपी मौके से फरार हो गया। पकड़े गए युवक की पहचान आदिल (निवासी मेरठ, उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई है। स्थानीय लोगों ने उसे पकड़कर तुरंत कोंडागांव पुलिस के हवाले कर दिया।

पुलिस की कार्रवाई
कोंडागांव के एडिशनल एसपी कौशलेन्द्र देव पटेल ने बताया कि एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और दूसरे की तलाश जारी है। पुलिस ने इस मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए अब तक 70 से अधिक संदिग्धों से पूछताछ की है।
वहीं, दो दिनों में 74 बाहरी संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान की गई है, जिनमें से चार मुख्य संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक ये सभी उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले से हैं और इनके पास मिले आधार कार्ड, वोटर आईडी व निवास प्रमाण पत्र फर्जी पाए गए हैं।
आदिवासी समाज ने उठाए सवाल
इस घटना के बाद आदिवासी समाज में भारी रोष है। युवा नेता यतेन्द्र सलाम ने पुलिस पर सवाल उठाते हुए कहा, "हर बार पुलिस घटना के बाद ही हरकत में आती है। यह पहली बार नहीं है जब हमारी बहन-बेटियों के साथ छेड़छाड़ हुई हो।" उन्होंने बताया कि गांव में यूपी और मेरठ से आने वाले फेरीवालों की गतिविधियां संदिग्ध रहती हैं और 20-25 लोगों पर पूर्व में भी कार्रवाई हो चुकी है।

सोशल मीडिया पर मामला ट्रेंड में
घटना की जानकारी मिलते ही #WomenSafety, #KondagaonCrime, और #FakeIdentityCrisis जैसे हैशटैग ट्विटर और फेसबुक पर ट्रेंड करने लगे। लोग इस घटना की कड़ी निंदा कर रहे हैं और दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग कर रहे हैं।
क्यों बढ़ रही हैं ऐसी घटनाएं?
विशेषज्ञों का मानना है कि ग्रामीण इलाकों में बाहरी लोगों की अनियंत्रित आवाजाही, फर्जी पहचान पत्रों का उपयोग और पुलिस की समय पर जांच न होना, ऐसी घटनाओं का कारण बन रहे हैं। ग्रामीण महिलाओं की सुरक्षा के लिए स्थानीय निगरानी समितियों का गठन, बाहरी व्यक्तियों की नियमित पहचान और पुलिस पेट्रोलिंग जैसे उपाय जरूरी हैं।
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