Advertisment

News Affair में आपका हार्दिक स्वागत है — आपकी अपनी हिंदी न्यूज़ पोर्टल, जहाँ हर खबर मिलती है सही, सटीक और सबसे पहले।

हमारे साथ जुड़िए देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों, राजनीति, खेल, मनोरंजन, व्यापार और तकनीक की हर बड़ी अपडेट के लिए। हम हैं आपकी आवाज़, आपके सवाल और आपकी जिज्ञासा के साथ — निष्पक्ष, निर्भीक और नई सोच के साथ।

30th September 2026

ब्रेकिंग

चिप्स-कोल्ड ड्रिंक में आर्टिफिशियल स्वीटनर पर चेतावनी; हाई शुगर-नमक-फैट पर लाल निशान की तैयारी

₹2,000 से ऊपर के पेमेंट पर 0.4% MDR तय; केंद्र से पूछा- चार्ज लगाने का आधार क्या?

दिल्ली SIR पर राहुल गांधी का बड़ा दावा; SDM को फोन कर पूछा- 727 नाम ड्राफ्ट लिस्ट से बाहर कैसे

पितरों को तर्पण देते समय अंगूठे की तरफ से ही क्यों छोड़ते हैं जल? जानें धूप-ध्यान की सरल विधि

बहन श्वेता का नया दावा; स्टन गन इस्तेमाल होने की बात कही

उज्जैन में मस्जिद का हिस्सा तोड़ने पर बवाल, 10 पर FIR : पथराव-आंसू गैस के बाद मुस्लिम समाज खुद तोड़ रहा मस्जिद; सिंहस्थ के लिए होना है सड़क चौड़ीकरण

उज्जैन.

सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के तहत सड़क चौड़ीकरण के लिए उज्जैन की शाही मस्जिद का बाधक हिस्सा हटाने को लेकर सोमवार को विवाद बढ़ गया। टंकी चौराहे के पास बड़ी संख्या में लोग जुट गए। विरोध के दौरान पुलिस पर पथराव हुआ, जिसके बाद पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़कर भीड़ को नियंत्रित किया। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।

मस्जिद के पास भीड़ बढ़ने पर पुलिस ने लोगों को पीछे हटाया। इसी दौरान महिलाओं के एक समूह ने सड़क पर बैठकर चक्काजाम कर दिया। महिलाओं को हटाने के दौरान क्राइम ब्रांच की थाना प्रभारी पुष्पा पांचाल के हाथ में चोट लग गई। उन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया।

इसी बीच जानकारी मिली है कि शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने की कार्रवाई शुरू हो गई है। मुस्लिम समाज के लोग खुद करीब 9 फीट लंबा और 4 फीट चौड़ा हिस्सा तोड़ रहे हैं। कार्रवाई वाले हिस्से को ग्रीन नेट से ढंक दिया गया है। मामले में उज्जैन पुलिस ने 10 लोगों पर FIR दर्ज की है। इसमें 5 इंफ्लुएंसर भी शामिल हैं। वहीं बाहर से आए 5 लोगों को गिरफ्तार किया है। हाईकोर्ट की इंदौर बेंच में सोमवार को सुनवाई भी प्रस्तावित है।

900 मीटर सड़क को 15 मीटर चौड़ा करने की योजना

विवाद कंठाल चौराहे से गोपाल मंदिर तक सड़क चौड़ीकरण से जुड़ा है। करीब 900 मीटर लंबे इस मार्ग को 15 मीटर चौड़ा करने की योजना है। शाही मस्जिद का एक हिस्सा प्रस्तावित सड़क सीमा में बाधक बताया गया है। इसी हिस्से को हटाने की कार्रवाई को लेकर विरोध शुरू हुआ।

यह मार्ग महाकालेश्वर मंदिर, गोपाल मंदिर और शिप्रा नदी क्षेत्र को जोड़ता है। प्रशासन का कहना है कि सिंहस्थ-2028 के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और वाहनों की आवाजाही को देखते हुए सड़क का चौड़ीकरण जरूरी है।

पथराव के बाद पुलिस ने छोड़े आंसू गैस के गोले

पुलिस के अनुसार, भीड़ को समझाने के बाद कुछ समय के लिए स्थिति शांत हुई, लेकिन दोबारा पथराव शुरू हो गया। इसके बाद पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े। मौके पर बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं और वरिष्ठ अधिकारी भी पहुंचे।

रिपोर्टों के मुताबिक, इलाके में RAF और STF समेत अतिरिक्त बल की तैनाती की गई है। रविवार से ही क्षेत्र में तनाव के बीच सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई थी।

महिलाओं ने सड़क पर बैठकर किया विरोध

मस्जिद का हिस्सा हटाने के विरोध में महिलाओं का एक समूह नाका नंबर-5 के पास सड़क पर बैठ गया। इससे कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ। पुलिस और महिला बल ने मौके पर पहुंचकर उन्हें हटाने की कोशिश की।

इसी दौरान क्राइम ब्रांच TI पुष्पा पांचाल के हाथ में चोट लगी। पुलिस के मुताबिक, महिलाओं को सुरक्षित तरीके से हटाने के दौरान चादर के कोने से उनके हाथ में कट लगा। उन्हें फर्स्ट एड दिया गया।

TI बोलीं- यह लॉ एंड ऑर्डर ड्यूटी का हिस्सा

पुष्पा पांचाल ने बताया कि महिलाओं को हटाने के दौरान वे चादर की आड़ में थीं। इसी दौरान चादर के कोने से उनके हाथ में कट लग गया। उन्होंने कहा कि किसी महिला को चोट नहीं आई और सभी सुरक्षित हैं।

हाईकोर्ट में भी मामला पहुंचा

शाही मस्जिद के हिस्से को हटाने को लेकर कानूनी विवाद भी चल रहा है। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर पीठ ने 9 सितंबर को शाही मस्जिद के एक हिस्से को सड़क चौड़ीकरण के लिए हटाने की कार्रवाई पर रोक लगाने वाली याचिकाएं खारिज कर दी थीं। अदालत ने सिंहस्थ-2028, यातायात प्रबंधन और सार्वजनिक सुरक्षा से जुड़े प्रशासन के तर्कों को आदेश में दर्ज किया था। इसके बाद मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही के बीच सोमवार को फिर सुनवाई प्रस्तावित थी। इसी बीच मस्जिद के पास विरोध और पुलिस के साथ झड़प की स्थिति बनी।

प्रशासन और स्थानीय लोगों के बीच बातचीत के बाद शुरू हुई कार्रवाई

रिपोर्टों के अनुसार, सोमवार सुबह प्रशासन और मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों के बीच बातचीत हुई थी। इसके बाद बाधक हिस्से को हटाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाने की कोशिश की गई। इसी दौरान मौके पर विरोध और नारेबाजी शुरू हो गई। फिलहाल प्रशासन ने इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता कानून-व्यवस्था बनाए रखना और भीड़ को नियंत्रित करना है।

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन