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पाकिस्तान में गधों की रेस : 2 किमी बंद सड़क पर दर्जनों गधों ने लगाई दौड़; बादाम-दूध से होती है खास खातिरदारी

News Affair Team

Wed, Aug 19, 2026

कराची.

घोड़ों की रेस के बारे में आपने खूब सुना होगा, लेकिन पाकिस्तान के कराची में गधों की रेस देखने के लिए भी बड़ी संख्या में लोग जुटते हैं। ल्यारी इलाके में आयोजित इस अनोड़ी रेस में दर्जनों गधों ने करीब 2 किलोमीटर लंबी बंद सड़क पर दौड़ लगाई।

रेस में गधा पालने वाले लोग अपने गधों के साथ शामिल हुए। ल्यारी में यह आयोजन कई वर्षों से हो रहा है और साल में करीब तीन बार ऐसी प्रतियोगिता आयोजित किए जाने की बात सामने आई है।

अब्दुल मजीद का गधा जीता, खुशी में चूम लिया

इस बार र की रेस में अब्दुल मजीद का गधा सबसे आगे रहा। जीत के बाद मजीद ने अपने गधे को चूमकर खुशी जाहिर की।प्रतियोकी रेस में अब्दुल मजीद का गधा सबसे आगे रहा। जीत के बाद मजीद ने अपने गधे को चूमकर खुशी जाहिर की।

प्रतियोगिता में शामिल गधों की रेस से पहले खास देखभाल की जाती है। मालिकों के मुताबिक उन्हें बेहतर खुराक दी जाती है, ताकि वे दौड़ के लिए फिट रहें।

बादाम, दूध और सेब का मुरब्बा खिलाते हैं

गधों को सामान्य चारे के अलावा बादाम और दूध दिए जाने की बात आयोजकों और प्रतिभागियों ने बताई। कुछ मालिक उन्हें सेब का मुरब्बा भी खिलाते हैं। रेस के दौरान गधों के साथ हल्की गाड़ी जोड़ी जाती है। इसके बाद निर्धारित दूरी पर उन्हें दौड़ाया जाता है।

ल्यारी की पहचान बन चुकी है गधों की रेस

कराची का ल्यारी इलाका इस तरह की रेस के लिए जाना जाता है। कई वर्षों से यहां गधा पालने वाले लोग इस प्रतियोगिता में हिस्सा लेते रहे हैं।

आयोजक अब्दुल रज्जाक बलोच के मुताबिक, इसका उद्देश्य गधों के शौकीन लोगों को प्रतियोगिता में हिस्सा लेने के लिए प्रोत्साहित करना है। रेस में अच्छा प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को स्थानीय स्तर पर पहचान भी मिलती है।

पशु अधिकार कार्यकर्ताओं ने जताई चिंता

जहां आयोजक इसे मनोरंजन और परंपरा से जोड़कर देखते हैं, वहीं पशु अधिकार कार्यकर्ताओं ने गधों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। उनका कहना है कि दौड़ और गाड़ी खींचने के दौरान गधों के थकने या घायल होने का खतरा रहता है। इसलिए प्रतियोगिता के दौरान पशुओं की सेहत और सुरक्षा का ध्यान रखना जरूरी है।

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